तुलन पत्र क्या दिखाता है
तुलन पत्र, जिसे बैलेंस शीट भी कहते हैं, किसी एक तारीख़ पर व्यवसाय की तस्वीर है: एक तरफ़ संपत्ति, यानी जो उसके पास है और जो उसे मिलना है; दूसरी तरफ़ देनदारी, यानी जो उसे दूसरों को देना है, और पूँजी, यानी जो मालिकों की है।
लेखा समीकरण
संपत्ति = देनदारी + पूँजी। हर प्रविष्टि इस समीकरण को बनाए रखती है, क्योंकि व्यवसाय के पास जो कुछ है वह किसी से आया है: किसी लेनदार से या मालिकों से। इसीलिए तुलन पत्र की दोनों तरफ़ का जोड़ हमेशा बराबर होता है।
इसे कैसे बनाएँ, कदम-दर-कदम
- ऐसे तलपट से शुरू करें जो मिलता हो।
- पहले लाभ-हानि खाता बनाएँ: अवधि का लाभ या हानि पूँजी का हिस्सा है।
- संपत्ति के शेष लिखें, फिर देनदारी, फिर अवधि के नतीजे सहित पूँजी।
- जाँचें कि कुल संपत्ति, देनदारी और पूँजी के जोड़ के बराबर है।
उदाहरण: 31 मार्च को दुकान
| 31 मार्च का तुलन पत्र | रकम |
|---|---|
| संपत्ति | |
| नकद | 5,800 |
| प्राप्य खाते | 800 |
| फ़र्नीचर व उपकरण | 1,200 |
| कुल संपत्ति | 7,800 |
| देनदारी | |
| देय खाते | 400 |
| पूँजी | |
| मालिक की पूँजी | 5,000 |
| अवधि का लाभ | 2,400 |
| कुल देनदारी और पूँजी | 7,800 |
2,400 का लाभ लाभ-हानि खाते से आता है: 3,800 की बिक्री में से 1,000 किराया और 400 बिजली घटाकर। इसके बिना पूँजी में 2,400 कम पड़ते और तुलन पत्र नहीं मिलता।
इसे कैसे पढ़ें
- नकद और प्राप्य बनाम देय: क्या व्यवसाय जल्द अपना बकाया चुका सकता है?
- पूँजी बनाम कुल संपत्ति: व्यवसाय का कितना हिस्सा मालिकों का है।
- एक महीने बाद वही तुलन पत्र: क्या बढ़ा और क्या घटा।
तुलन पत्र और लाभ-हानि खाता
लाभ-हानि खाता एक अवधि को दिखाता है और बताता है कि नतीजा कैसे बना; तुलन पत्र एक तारीख़ है और बताता है कि व्यवसाय कहाँ खड़ा है। नतीजा दोनों को जोड़ता है: वर्षांत पर वह प्रतिधारित आय के रूप में पूँजी में चला जाता है।
हर प्रविष्टि के साथ अद्यतन तुलन पत्र
Aconta Online आपकी चुनी हुई तारीख़ पर तुलन पत्र बनाता है, अभी बंद न हुए नतीजे को पूँजी में दिखाते हुए, और पास में लाभ-हानि खाता। दोनों हर प्रविष्टि के साथ अद्यतन होते हैं और स्प्रेडशीट के रूप में डाउनलोड होते हैं। बंद अवधि ग़लती से नहीं बदली जा सकती, इसलिए आपके जाँचे आँकड़े वैसे ही रहते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
तुलन पत्र और तलपट में क्या अंतर है?
तलपट बहियाँ जाँचने के लिए सभी खातों की सूची है; तुलन पत्र संपत्ति, देनदारी और पूँजी के शेषों को समूहों में रखकर व्यवसाय की स्थिति दिखाता है, अवधि के नतीजे को पूँजी में रखते हुए।
मेरा तुलन पत्र क्यों नहीं मिल रहा?
अक्सर अवधि का लाभ या हानि पूँजी में नहीं जुड़ा होता, या कोई खाता गलत तरफ़ होता है। पहले जाँचें कि तलपट मिलता है।
छोटे व्यवसाय को तुलन पत्र कितनी बार बनाना चाहिए?
कम से कम साल में एक बार, वित्त वर्ष के अंत में। हर महीने बनाने से समय रहते पता चलता है कि व्यवसाय कैसा चल रहा है।
